खेतों का राजा

खेतों का राजा

मेरे गाँव में एक कहावत थी—”जिसके पास ज़मीन, उसके पास ज़िंदगी।” और हमारे गाँव में सबसे ज़्यादा ज़मीन थी बाबू शिवनारायण सिंह के पास। पचासी बीघा उपजाऊ ज़मीन, जो गाँव के तीनों ओर फैली हुई थी, मानो पूरा गाँव उनकी हथेली पर बसा हो। बाबू शिवनारायण सिंह—जिन्हें सब “राजा साहब” कहते थे। अस्सी साल के …

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